केमिस्ट असोसिएशन की मांग, ऑनलाइन दवा बिक्री पर लगे रोक; मुंढे पर नजर
पिंपरी चिंचवड केमिस्ट असोसिएशन ने ऑनलाइन दवा बिक्री बंद करने की मांग की है और अन्न व औषध प्रशासन आयुक्त तुकाराम मुंढे पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
राज्य में ऑनलाइन दवा बिक्री पर पाबंदी लगाने की मांग जोर पकड़ रही है। केमिस्ट असोसिएशन ने यह मांग रखी है और उसका कहना है कि इससे लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ हो रहा है। अब सबकी नजर इस पर है कि अन्न व औषध प्रशासन के आयुक्त, IAS अधिकारी तुकाराम मुंढे इस पर क्या फैसला लेते हैं।
इससे पहले अन्न व औषध प्रशासन यानी एफडीए ने खुले मसालों की बिक्री पर रोक लगाई थी। खुले मसालों को लेकर एफडीए ने नए नियम भी जारी किए हैं। आदेश है कि मसाले में रंग मिलाया गया तो सख्त कार्रवाई होगी। खुले मसालों के बाद अब ऑनलाइन दवा बिक्री बंद करने की मांग सामने आई है।
पिंपरी चिंचवड केमिस्ट असोसिएशन का आरोप है कि डॉक्टर की पर्ची के बिना दवाएं बेची जा रही हैं। असोसिएशन के पदाधिकारियों ने ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त नियंत्रण की मांग की है। उन्होंने यह गंभीर आरोप भी लगाया है कि तुकाराम मुंढे इस मामले को नजरअंदाज कर रहे हैं।
पदाधिकारियों के मुताबिक कई खतरनाक दवाएं ऑनलाइन बेची जाती हैं। नियम यह है कि ऐसी दवाएं सिर्फ डॉक्टर के प्रिस्क्रिप्शन पर ही बिकनी चाहिए। इसके बावजूद वे खुलेआम बिक रही हैं।
असोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा है कि नकली प्रिस्क्रिप्शन, दवाओं के गलत इस्तेमाल और लोगों की सेहत को पैदा हो रहे खतरे को देखते हुए आयुक्त तुकाराम मुंढे फौरन कार्रवाई करें।
ऑनलाइन दवा बिक्री के खिलाफ कुछ महीने पहले दवा विक्रेताओं ने देशव्यापी बंद भी बुलाया था। ऑनलाइन बिक्री और कॉर्पोरेट कंपनियों की ओर से हो रही गैर-व्यावसायिक होड़ के विरोध में अखिल भारतीय औषध विक्रेता संगठन ने देशव्यापी बंद का ऐलान किया था। उसके बाद अब केमिस्ट असोसिएशन ने फिर यही मांग उठाई है।
एक दिन पहले ही मुंढे ने खुले मसालों की बिक्री पर रोक लगाई थी। अब असोसिएशन की नजर इस पर टिकी है कि क्या वे ऑनलाइन दवा बिक्री पर भी पाबंदी लगाएंगे।
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