दावडी हत्या मामला: बॉम्बे हाईकोर्ट अपील में सरकारी पक्ष के वकील होंगे सागर कोठारी
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महाराष्ट्र सरकार ने पुणे जिले के दावडी हत्या मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट में लंबित अपील के लिए एडवोकेट सागर वसंत कोठारी को विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया है।
मुंबई/पुणे, 27 अक्टूबर 2026: महाराष्ट्र सरकार ने पुणे जिले के दावडी हत्या मामले में एडवोकेट सागर वसंत कोठारी को स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर (SPP) बनाया है। वे बॉम्बे हाईकोर्ट में लंबित क्रिमिनल अपील नंबर 367 ऑफ 2025 में सरकारी पक्ष की पैरवी करेंगे।
यह नियुक्ति राज्य सरकार के विधि और न्याय विभाग ने 27 अक्टूबर 2026 की अधिसूचना क्रमांक SPP.3119/C.R.228/D-XIV के जरिए की है। यह अपील पुणे जिले के खेड पुलिस स्टेशन में दर्ज C.R. नंबर 223 ऑफ 2018 से निकली है।
एडवोकेट कोठारी इससे पहले राजगुरुनगर के खेड में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश की अदालत में चले ट्रायल में भी सरकारी पक्ष की ओर से पैरवी कर चुके हैं। ट्रायल के दौरान अभियोजन ने 16 गवाहों से पूछताछ कराई। इनमें शिकायतकर्ता, दूसरे अहम गवाह, एक मेडिकल अफसर और जांच अधिकारी शामिल थे।
निचली अदालत ने 7 फरवरी 2025 को अपने फैसले में और 10 फरवरी 2025 को सजा के आदेश में आरोपी अजित भगवान कान्हुरकर को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 302 के तहत हत्या का दोषी ठहराया। उसे उम्रकैद की सजा सुनाई गई और 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। हालांकि अदालत ने उसे आर्म्स एक्ट और महाराष्ट्र/बॉम्बे पुलिस एक्ट के आरोपों से बरी कर दिया।
अभियोजन के मुताबिक यह वारदात 12 जून 2018 की है। श्रीनाथ सुदाम खेसे और उनकी बहन पौर्णिमा खेसे वस्ती बस स्टॉप से महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम (MSRTC) की बस में सवार हुए थे। बस जब राजगुरुनगर की तरफ जा रही थी, तब आरोपी ने कथित तौर पर बस के अंदर ही श्रीनाथ पर हंसिए से हमला किया और वहां से भाग गया।
श्रीनाथ को अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। इसके बाद खेड पुलिस ने मामला दर्ज किया और घटना की जांच की।
अब विशेष लोक अभियोजक के तौर पर एडवोकेट कोठारी बॉम्बे हाईकोर्ट में अपील के स्तर पर सरकारी पक्ष का मामला संभालेंगे। जिस ट्रायल में आरोपी को हत्या का दोषी ठहराया गया था, उसकी पैरवी भी वही कर चुके हैं।
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